happy mother's day
मां जो दुनिया में लाती है जीवन देती है दूध पिलाती है पालन पोषण करती बुराई होते हुए भी अपने बच्चें से प्यार करतीं हैं जिस प्रकार भक्त का मन भगवान में लगा रहता है वैसे ही मां काम करती रहें परंतु अपने बच्चे की फ़िक्र ,ख्याल , चिंतन में डूबी रहती,उसका ध्यान बच्चे पर होता है। मां का सम्मान उसे प्यार बुढ़ापे में भी करना। भूमि भी मां है उसे नमन करते रहना चाहिए अपनी मातृभूमि , मातृभाषा पर गर्व होना चाहिए हृदय में सम्मान होना चाहिए। मां ममता की मूरत होती है । मातृऋण कहते हैं कभी नहीं चुका सकते हैं लेकिन अपनी मां को सच्चा प्यार करना स्वार्थ रहित होकर । मां के आशीर्वाद में बहुत शक्ति होती है।