Smile roti bank
ये हैं स्माइल रोटी बैंक की एक प्रखर प्रबल अंग में एक सजग प्रहरी की भूमिका निभा रही बहन सोनाली सिंह विशेन।।
अक्टूबर 2015 में गोरखपुर के एक चिकित्सक और समाजसेवी बड़े भाई डॉक्टर सुरेश सिंह ने सोनाली सिंह को
स्माइल रोटी बैंक तक ले आने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।।
ये सत्य है की डॉक्टर साहब बड़े टीम के साथ बड़े बड़े काम कर रहे हैं
पर उन्होंने ये नायाब हीरा जो दिया स्माइल रोटी बैंक को
उसके लिए उन महात्मा को शत शत नमन
सोनाली से जलने वालों की भी लम्बी फेहरिस्त है
इसके तूफानी काम
तूफानी तेवर
अंगार भरी ऊर्जा से वो तमाम लोग जल रहे जो कभी खुद को हमसफ़र समझते थे।
पिछले दिनों सोनाली 10 दिन के लिए आउट आफ स्टेशन थी
तो जो हालत कैम्पेन में हुई
की मालवीय का पेट खराब
अमन की व्यस्तता
और तमाम व्यवधान आए
और हमारी भी मटिया पलित हो गई।
बड़ी ही दिक्कत का सामना करना पड़ा।
लोग कहते हैं की हमको इज्जत नही मिलती।
तो मैं आज समझा की इज्जत किसी दूकान पे नही
बल्कि आपके खुद के काम और
डेडिकेशन से मिलती है।।
टीम का मतलब ये हुआ की 10 दिन सबकी हालत खराब थी एक सहकर्मी के न होने की वजह से।।।
तमाम अवरोधों के साथ खुद पे उठते सवालों को दरकिनार करते हुए जो रोल प्ले किया सोनाली ने
उसपे पूरी स्माइल रोटी बैंक टीम गर्ववान्वित हैं।।